Smart City Satna : 50 करोड़ रूपए की लागत से हो रहे विकास कार्यों का क्लैफ टीम ने किया निरीक्षण

सतना 21 नवंबर 21 | दिशा की बैठक में लिए निर्णय अनुसार स्मार्ट सिटी सतना (Smart City Satna) की सिटीजन लेवल एडवाइजरी फोरम के सदस्यों ने सांसद गणेश सिंह और कलेक्टर अजय कटेसरिया के साथ स्मार्ट सिटी (Smart City Satna) के पूर्ण कार्य तथा प्रगतिशील कार्यों का मौके पर जाकर निरीक्षण किया। इस मौके पर योगेश ताम्रकार, अतुल मेहरोत्रा, भास्कर भट्टाचार्य, सिटी मजिस्ट्रेट सुरेश जादव सहित स्मार्ट सिटी (Smart City Satna) लिमिटेड के अधिकारी उपस्थित थे।

9 करोड़ 70 लाख की लागत से कराए जा रहे व्यंकटेश मंदिर के सौंदर्यीकरण एवं पुर्नविकास कार्य, 8 करोड़ 14 लाख रुपए लागत से जगतदेव तालाब का निर्माण एवं पुर्नविकास कार्य, 8 करोड़ 26 लाख लागत के नारायण तालाब, प्रधानमंत्री आवास योजना शहरी के सोनौरा प्रोजेक्ट में स्मार्ट सिटी (Smart City Satna) द्वारा कराए जा रहे सड़क, नाली, पार्क और विद्युत के कार्य तथा 25 करोड़ रूपये लागत से किए जा रहे नेक्टर झील के निर्माण का कार्य, सोनौरा नर्सरी सिन्थेसिस फेस-1 के प्रगतिशील कार्यों का टीम द्वारा निरीक्षण किया।

Smart City Satna : 2022 में पूर्ण हो जायेंगे कई कार्य

फोरम के सदस्यों ने स्मार्ट सिटी (Smart City Satna) के पूर्ण हो चुके प्रोजेक्ट्स में सेंट्रल कमांड एंड कंट्रोल सेंटर, शासकीय महारानी लक्ष्मी बाई स्कूल में स्मार्ट क्लास का कार्य और टाउन हॉल परिसर में 2 करोड़ 20 लाख रुपए से विकसित स्मार्ट लाइब्रेरी का भी निरीक्षण किया। क्लैफ सदस्यों ने स्मार्ट सिटी के निर्माण कार्यों को गुणवत्ता के साथ निर्धारित समय-सीमा में पूर्ण करने की जरूरत बताई। उन्होंने कहा कि पूर्ण हो चुके और प्रगति कार्यों के बारे में जनमानस की जानकारी के लिए साइट और सार्वजनिक प्रमुख स्थानों में प्रदर्शन भी किया जाना चाहिए।

व्यंकटेश मंदिर के भ्रमण के दौरान एजेंसी ने बताया कि कार्य सितंबर से प्रारंभ हुआ है और 9 माह की अवधि में अर्थात जून 2022 तक पूर्ण कर लिए जाने की उम्मीद है। महारानी लक्ष्मी बाई स्कूल की कक्षाओं में स्मार्ट क्लास की सभी व्यवस्थाएं किए जाने के बाद भी स्मार्ट क्लास नहीं चलाए जाने पर अप्रसन्नता व्यक्त की गई।

प्राचार्य ने बताया कि स्मार्ट क्लास अभी तक विद्यालय को हैंड ओवर नहीं की गई है। जबकि संस्था के शिक्षकों को स्मार्ट क्लास में पढ़ाने का तीन बार प्रशिक्षण हो चुका है। सांसद ने आवश्यक पहल कर एमएलबी में स्मार्ट क्लास तत्काल शुरू करने के निर्देश दिए। जगतदेव तालाब के सौंदर्यीकरण एवं निर्माण कार्यों के अवलोकन के दौरान सदस्यों ने यहां आने-जाने वाले लोगों के लिए वाहन पार्किंग की व्यवस्था करने की जरूरत बताई।

सांसद-कलेक्टर के साथ फोरम के सदस्यों ने टाउन हॉल परिसर में स्थित 2 करोड़ 20 लाख की लागत से स्थापित स्मार्ट लाइब्रेरी गांधी पुस्तकालय का भी अवलोकन किया। सांसद ने यहां भारत वर्ष के इतिहास व स्वतंत्रता संग्राम सहित विविध जानकारी की किताबें भी ई-फार्म में रखने की सलाह दी।

क्लैफ के सदस्यों ने नारायण तालाब के पुनरुद्धार और सौंदर्यीकरण का कार्य भी देखा। ले-आउट का नक्शा देखने के बाद योगा सेंटर के प्रस्तावित स्थल शांति धाम की ओर से बदलकर अन्य दिशा में रखने और तालाब के बीच स्थापित विशाल शिव प्रतिमा के पास तक लोगों को जाने रेलिंग युक्त फुटपाथ और चबूतरे का प्लेटफार्म बनाने की सलाह दी गई।

सोनौरा चेक उतैली में नगर निगम द्वारा प्रधानमंत्री आवास शहरी का प्रोजेक्ट संचालित किया जा रहा है। जहां स्मार्ट सिटी (Smart City Satna) द्वारा 11 करोड़ 72 लाख रुपए की लागत से सीसी रोड, ड्रेन कल्वर्ट एवं लैंडस्कैपिंग का कार्य किया जा रहा है। क्लैफ के सदस्यों द्वारा यहां सीसी रोड के अवलोकन के दौरान सड़क में डिवाइडर ग्रीनरी एवं लाइटिंग भी करने की सलाह दी।

सोनौरा में 24 करोड़ 95 लाख रूपये लागत की नेक्टर झील के अवलोकन के दौरान सदस्यों ने बीच से गुजर रही हाईटेंशन लाइन को शिफ्ट करने प्रस्ताव भेजने की सलाह दी। नेक्टर झील को 26 एकड़ भू-भाग में विकसित किया जा रहा है। यहां जलतरंग रेस्टोरेंट और प्रशासनिक भवन के साथ झील बनाई जा रही है।

झील में पानी लाने बाणसागर की नहरों से एनओसी प्राप्त कर ली गई है। कार्य को पूर्ण करने की अंतिम तिथि जनवरी 2022 है। लेकिन स्मार्ट सिटी (Smart City Satna) के अधिकारियों ने मार्च 2022 तक नेक्टर झील कंप्लीट किए जाने की संभावना जताई। सांसद ने यहां आर्टिफिशियल वाटर पार्क बनाने तथा हाई टेंशन लाइन के शिफ्टिंग का प्रस्ताव भी प्रस्तुत करने को कहा।

सोनौरा नर्सरी में स्मार्ट सिटी (Smart City Satna) द्वारा किए जा रहे पार्क विकास और पौंड के कार्य को भी क्लैफ के सदस्यों ने देखा। यहां पौधों में ड्रिप इरिगेशन सिस्टम अपनाने की सलाह दी गई।

नेक्टर झील लगभग 5 एकड़ की बच रही जमीन में पीपीपी मोड पर साइंस एंड टेक्नोलॉजी पार्क बनाने की सलाह दी गई। सांसद गणेश सिंह के नेतृत्व में स्मार्ट सिटी (Smart City Satna) के सिटीजन एडवायजरी फोरम ने बाद में सतना नदी से डालीबाबा सिटी कोतवाली तक प्रस्तावित 17 करोड़ की लागत से बनने वाली 3.7 किलोमीटर सड़क के मार्ग का अवलोकन किया।

स्मार्ट सिटी के ऑफिस धवारी पहुंचकर सेंट्रल कमांड एंड कंट्रोल सेंटर में इंटीग्रेटेड ट्रैफिक मैनेजमेंट सिस्टम का भी अवलोकन किया। स्मार्ट सिटी (Smart City Satna) के अधिकारियों ने बताया कि इंटीग्रेटेड कमांड एंड कंट्रोल सेंटर में आईटीएमएस प्रोजेक्ट के तहत सेंसर आधारित सर्विलांस कैमरों द्वारा शहर के दृश्यों को देखा जा सकता है

कैमरों की सहायता से अभी तक विभिन्न अपराधों का खुलासा पुलिस द्वारा वीडियो फुटेज देखकर किए जा चुके हैं। इस प्रणाली के तहत शहर की सुरक्षा की दृष्टि से किए जाने वाले कार्य और कोविड महामारी के दौरान कमांड सेंटर से नागरिकों को दी जाने वाली जानकारी क्लैफ के सदस्यों को दी गई।

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डेस्क रिपोर्ट

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