फसलों को लगा रोग, झाड़ फूंक करा रहे है किसान

सतना 11 अक्टूबर । सतना के किसानों के सामने एक बड़ी चुनौती आन पड़ी है। जिले के कई इलाकों में धान की फसल पर झूठा कंडवा नामक रोग लग गया यह रो फसलों पर बड़ी ही तेजी से फैल रहा है किसानों की खड़ी फसल इस रोग के कारण बर्बाद होने की कगार पर है किसान इस रोग के उपचार से अनजान है लिहाजा वह झाड़-फूंक का सहारा ले रहे हैं। वहीं जिले का कृषि वैज्ञानिक भी इस बीमारी को लाइलाज बता रहे, धान की खाड़ी फसल की बर्बादी को देख किसानों के माथे पर चिंता की लकीरें उभर आई है।

कोरोना काल में हुए लॉकडाउन के कारण छोटे-मोटे काम धंधे उद्योग बंद हो गए,, लोग शहरों से अपने गांव की ओर लौट गए,, परंपरागत खेती करने वालों के अलावा भी बेरोजगार लोगों ने खेती को रोजगार के रूप में चुना और खेती में करें धान की फसल जिले में इस बार एक नए रिकॉर्ड कायम करने वाली थी लेकिन इस धान की फसल को झूठा कंडवा रोक लग गया, इस रोग के लगने के बाद धान के अंदर तैयार हो रहा चावल पीली राख में तब्दील हो रहा है।

यह भी पढ़े NTPC में फ्लैश ओवर से बड़ा हादशा, तीन घायल

किसानों की माने तो तेजी से फैल रहे इस रोग के कारण एक तिहाई फसल बर्बाद हो चुकी है और एक से दूसरे खेत यह बीमारी तेजी से फैल रही है। धान की बालियों में लगने वाला यह रोग धान को नष्ट कर रहा है। इस बात को लेकर किसान परेशान है और अपनी फसलों को बचाने के लिए झाड़-फूंक पूजा पाठ का सहारा ले रहा है। किसानों ने जिला प्रशासन पर अनदेखी का आरोप भी लगाया

यह भी पढ़े ठिकाने लगाने में माहिर है शिवराज ! अगला नंबर सिंधिया का ?

कृषि अधिकारियों की माने तो धान में तेजी से नुकसान पहुंचाने वाला यह झूठा कंडवा नामक करो धान की बालियों में लगता है, सतना जिले में लगभग इस बीमारी से 10% धान की फसल पूरी तरह नष्ट हो चुकी है पूरे जिले में 2लाख 26 हजार हेक्टेयर भूमि में धान की फसल है।

यह भी पढ़े नवरात्रि में मैहर में लगेगा मेला भक्तों के लिए खुलेगा माँ का दरवार

ऐसे में 25हजार हेक्टेयर भूमि की धान अब तक पूरी तरह से इसकी चपेट में आ चुकी है। यही नहीं इस बीमारी का कोई इलाज नहीं और यह लगातार फैल रही है वही अधिकारी यह भी बताते हैं कि रोग ग्रसित बालियों को तोड़कर खेत से अलग करना ही इसका उपाय है

संवाददाता नरेंद्र कुशवाहा

संवाददाता सतना न्यूज डॉट नेट

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button